लखनऊ में बीते दिन मंगलवार रात पुलिस भर्ती बोर्ड में तैनात महिला सिपाही ने सुसाइड कर लिया है। महिला सिपाही ने यह कदम ब्वाय फ्रैंड से फोन पर विवाद के बाद उठाया। मृतका के परिजनों ने ब्वाय फ्रैंड पर ब्लैकमेल करने का आरोप लगाया है। उनका कहना है कि उसकी मानिसक प्रताड़ना से तंग आकर बेटी ने सुसाइड कर लिया। कैंट पुलिस ने घटना की जानकारी पर शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। वहीं परिजनों की शिकायत और साक्ष्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की बात कह रही है।
प्रेमी से बात के बाद मोबाइल उठाना किया बंद
उन्नाव गांधीनगर निवासी साड़ी की दुकान चलाने वाले चलाने वाले अंजनी तिवारी की बेटी आंशी तिवारी ने मंगलवार देर रात फांसी लगाकर जान दे दी। लखनऊ कैंट में पार्षद आशुतोष शुक्ल के घर किराए पर रहने वाली आंशी 2019 बैच में सिपाही पद पर भर्ती हुई थी। आजकल पुलिस भर्ती बोर्ड में तैनात थी। भाई प्रशांत तिवारी ने बताया कि मंगलवार रात 11.50 पर बहन के इटावा निवासी ब्वाय फ्रैंड अखिल त्रिपाठी का मैसेज आया कि उसकी बहन से लड़ाई हो गई है। वह फोन नहीं उठा रही। उसके बाद हमने भी कई बार कोशिश की, लेकिन फोन नहीं उठा। बुधवार सुबह नौ बजे के करीब आलमबाग निवासी बहनोई आशुतोष मिश्र को उसके घर भेजा। दरवाजा न खुलने पर खिड़की से देखा तो उसका उसका शव फांसी के फंदे से लटकर रहा था। जिसके बाद बहनोई ने पुलिस और घर वालों को सूचना दी। घटना के बाद से मां सुसमा और बहन रजनी का रो-रोकर बुरा हाल है। पिता घटना के बाद इतने सदमें में हैं कि कुछ बोल ही नहीं पा रहे हैं।
फेसबुक पर हुई थी दोस्ती
सिपाही आंशी के भाई प्रशांत और मां सुसमा का कहना है कि अखिल से उसकी फेसबुक पर दोस्ती हुई थी। जिसके बाद दोनों करीब आ गए। आंशी को इसीबीच अखिल के कई और लड़कियों से संबंध होने की बात पता चली। जिसको लेकर दोनों में विवाद होने लगा। वहीं अखिल अपने पुराने संबंधों को लेकर ब्लैकमेल करने लगा। जिससे वह मानिसक और आर्थिक तौर पर परेशान रहने लगी। जिसके चलते उसने यह कठोर कदम उठा लिया।
मोबाइल फोन और दस्तावेज जब्त किया
घटना की जानकारी पर पहुंची पुलिस ने फॉरेंसिक टीम के साथ जांच पड़ताल की। जिसके बाद परिजनों के आरोपों को देखते हुए महिला सिपाही का मोबाइल और कमरे में मौजूद दस्तावेज जब्त किए।