न्याय ना मिलने पर विधवा मां खुदकुशी के लिए पानी की टंकी पर चढ़ी

न्याय ना मिलने पर विधवा मां खुदकुशी के लिए पानी की टंकी पर चढ़ी

बाराबंकी- एक तो किस्मत की मारी, ऊपर से पुलिस से हारी, न्याय के लिए पानी की टंकी पर चढ़ गई बेचारी। एक लाचार विधवा महिला जिसका रो-रोकर बुरा हाल है। बेटी अस्पताल में है और मां को पुलिस थाने से बेइज्जत कर भगा दिया। ससुराल वाले हैं जिन्होने पति के मरने के बाद महिला से सारे नाते तोड़ लिए है।बेसहारा लाचार महिला आखिर न्याय की गुहार लगाए तो किससे। जब कोई रास्ता नहीं सुझा तब महिला ने पानी की टंकी पर चढ़कर आत्महत्या करने का रास्ता अपनाया।

पूरा वाकया है थाना देवा इलाके के देवा कस्बे का। जहां की रहने वाली गुलफ्शा की शादी साल 2018 में हुई थी। शादी के तीन माह बाद उसके पति की सड़क दुर्घटना में मौत हो गई। आरोप है कि, इसके बाद नंदोई उस पर बुरी नजर रखने लगा। ससुराल वालों ने भी प्रताड़ित करना शुरू कर दिया। दो माह बाद उसने एक बेटी को जन्म दिया। पिछले दिनों उसकी तबियत बिगड़ गई थी। लखनऊ में एक निजी अस्पताल में उसने बेटी को भर्ती करवाया।

जब लाचार मां ससुराल वालों से इलाज के पैसे की मांग करने पहुंची तो उन लोगों ने बेटी को अपना खून मानने से इंकार कर दिया। निराश होकर वह देवा पुलिस के पास न्याय के लिए पहुंची। आरोप है कि, वहां मिले नियाज नाम के सिपाही ने अभद्रता की और उससे कहा- मेरे घर चलो इलाज का पैसा मैं दे दूंगा। रोते बिलखते वह थाने से लौट आई और इस कड़ाके की ठंड में पानी की टंकी पर चढ़ खुदकुशी करने का निर्णय ले लिया। महिला चार घंटे से ज्यादा समय तक टंकी पर चढ़ कर ठिठुरती रही।

वहीं बाराबंकी के अपर पुलिस अधीक्षक आर एस गौतम की सूझबूझ से महिला को पानी की टंकी से नीचे उतारकर कार्रवाई करने का भरोसा दिलाया।