उत्तर प्रदेश विधानसभा के शीतकालीन सत्र के तीसरे दिन गुरुवार को सदन में घमाशान हो गया। यहां जातीय जनगणना को लेकर पल्लवी पटेल ने सरकार पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि जातीय जनगणना पर सकारात्मक चर्चा होनी चाहिए। बीजेपी वंचित समाज के सवालों पर चर्चा नहीं करना चाह रही है। जहां पर भाजपा सरकार है वहां पर जातिगत जनगणना को सिरे से नकार दिया गया है। भाजपा को पिछड़े और अल्पसंख्यकों का वोट चाहिए। लेकिन अल्पसंख्यकों के लिए सरकार के पास कुछ नहीं है।
वही पल्लवी पटेल एग्जिट पोल को लेकर सरकार पर बरस पड़ी बोली BJP जिस तरीके से काम कर रही है, उसका जवाब जनता देगी। यह पांच राज्यों के चुनाव परिणाम आने के बाद स्पष्ट हो जाएगा। उन्होंने कहा जाति गणना की मांग इस लिए की जा रही है, जिससे सरकार इस विषय पर चर्चा करे।
वही शिवपाल के बयान पर उन्होंने कहा कि इस्तीफा देना बहुत आसान है। अगर आप दलित पिछड़ों के नाम पर राज कर रहे हैं, तो उतना ही मुखर होकर देश की जनता को बताने का काम करें कि आप अपने संगठन में भी अल्पमत में हैं और जातिगत जनगणना की बात को आप नहीं उठा पा रहे हैं। बता दें कि समाजवादी पार्टी जातिगत जन गड़ना के विषय को लेकर लोकसभा चुनाव 2024 को लेकर आगे भी सरकार पर हमला करने की तैयारी में है।